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एक घटना की इन दिनों काफी चर्चा है, जिसमें यह सामने आया है कि अरब में रह रहे पति के मौत के बाद भी एक पत्नी ने अपने बच्चे को जन्म दिया है। ऐसा महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में हुआ है, जिसके बारे में तरह तरह की चर्चाएं हो रही है। लेकिन हम आपको यह बता दें कि महिला ने कोई गलत कदम नहीं उठाया है बल्कि उसने अपने दृढ़ निश्चय और विज्ञान की मदद से ऐसा किया है।

कार हादसे में अपने पति को खो देने वाली सुप्रिया ने मुंबई के जसलोक अस्पताल में बच्चे को जन्म दिया। बेंगलुरु में काम करने वाले मार्केटिंग कंसल्टेंट गौरव जो की अरब के UAE में भी कार्यभार सम्भालते थे और सुप्रिया जैन की शादी को पांच साल हो चुके थे। काफी कोशिशों के बाद भी वे माता-पिता नहीं बन पा रहे थे। जिसके बाद उन्होंने आईवीएफ तकनीक की मदद लेने का फैसला किया। लेकिन, इसी बीच अगस्त 2015 में एक कार हादसे में गौरव की मृत्यु हो गई।

पति की मौत के बाद सुप्रिया तनाव में रहने लगी। कुछ हफ्तों बाद सुप्रिया ने एक ब्लॉग भी लिखा, इसमें उन्होंने बताया ‘जिस दिन वह गया उसने अपने अगले वेंचर का लोगो फाइनल किया था। वह गांव जाने से पहले माता-पिता के घर नहीं जाता था लेकिन उस दिन वह गया। अपने भतीजे, मां और कुत्ते के साथ वक्त बिताने के बाद उसने कहा कि वह जल्द वापस लौटेगा और उन्हें अच्छी खबर देगा।’ सुप्रिया ने बाद में फैसला किया कि वो अपने पति के बच्चे को जन्म देगी। इसके लिए उन्होंने डॉक्टर फिरूजा पारिख से मुलाकात की। इसके बाद सुप्रिया का मां बनने का खर्चीला और लंबा सफर शुरू हुआ।

डॉक्टर ने बताया ‘हमने किसी तरह गौरव के स्पर्म को सुरक्षित किया। आईवीएफ प्रक्रिया के शुरू होने के कुछ दिनों में ही उनके पति की मौत हो गई। जिससे सुप्रिया को गहरा आघात हुआ। आईवीएफ प्रक्रिया के फेल होने के बाद हमने सरोगेसी के लिए भी बात की। लेकिन, आखिरी चांस में ये काम सफल हो गया।’ वहीं सुप्रिया ने कहा ‘मेरे पति और मैं बच्चे के लिए काफी उत्सुक थे लेकिन, एक हादसे ने सबकुछ बदल दिया।’

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